Karu benti
[00:05.20] करूँ बेनती दोउ कर जोरी,
[00:16.09] अर्ज सुनो राधास्वामी मोरी.
[00:53.55] सत पुरुष तुम सतगुरु दाता,
[01:05.79] सब जीवन के पितु और माता.
[01:18.55] दया धार अपना कर लीजे,
[01:30.76] काल जाल से न्यारा कीजे.
[01:44.35] सतयुग त्रेता द्वापर बिता,
[01:56.85] काहू न जानी शब्द की रीता.
[02:09.61] कलजुग में स्वामी दया विचारी,
[02:21.29] परगट करके शब्द पुकारी.
[02:34.31] जिव काज स्वामी जग में आये,
[02:46.79] भौ सागर से पार लगाये.
[02:59.28] करूँ बेनती दोउ कर जोरी,
[03:11.50] अर्ज सुनो राधास्वामी मोरी.
[03:24.52] तिन छोड़ चौथा पद दीन्हा,
[03:36.81] सतनाम सतगुरु गत चिन्हा.
[03:49.30] जगमग जोत होत उजियारा,
[04:01.52] गगन सोत पर चन्द्र निहारा.
[04:14.01] सेत सिंहासन छत्र बिराजे,
[04:26.50] अनहद शब्द गैब धुन गाजे.
[04:38.72] क्षर अक्षर निःअक्षर पारा,
[04:50.96] बिनती करे जहां दास तुम्हारा.
[05:52.86] लोक अलोक पाऊं सुख धामा,
[06:05.61] चरन सरन दीजे बिसरामा.
[06:17.83] करूँ बेनती दोउ कर जोरी,
[06:29.78] अर्ज सुनो राधास्वामी मोरी.
