Shree hanuman chalisa
[00:02.70] श्रीगुरु चरन सरोज रज निज मनु मुकुरु सुधारि
[00:14.91] बरनऊं रघुबर बिमल जसु जो दायकु फल चारि
[00:25.28] बुद्धिहीन तनु जानिके सुमिरौं पवन कुमार
[00:36.43] बल बुद्धि बिद्या देहु मोहिं हरहु कलेस बिकार
[00:57.15] जय हनुमान ज्ञान गुन सागर
[01:02.21] जय कपीस तिहुं लोक उजागर
[01:07.52] रामदूत अतुलित बल धामा
[01:12.84] अंजनि पुत्र पवनसुत नामा
[01:23.73] महाबीर बिक्रम बजरंगी
[01:29.57] कुमति निवार सुमति के संगी
[01:34.35] कंचन बरन बिराज सुबेसा
[01:39.67] कानन कुंडल कुंचित केसा
[01:44.98] हाथ बज्र औ ध्वजा बिराजै
[01:50.29] कांधे मूंज जनेऊ साजै
[01:55.34] संकर सुवन केसरीनंदन
[02:00.65] तेज प्रताप महा जग बन्दन
[02:11.28] विद्यावान गुनी अति चातुर
[02:16.85] राम काज करिबे को आतुर
[02:22.16] प्रभु चरित्र सुनिबे को रसिया
[02:27.48] राम लखन सीता मन बसिया
[02:32.52] सूक्ष्म रूप धरि सियहिं दिखावा
[02:38.10] बिकट रूप धरि लंक जरावा
[02:43.15] भीम रूप धरि असुर संहारे
[02:48.46] रामचंद्र के काज संवारे
[02:58.82] लाय सजीवन लखन जियाये
[03:04.40] श्रीरघुबीर हरषि उर लाये
[03:09.45] रघुपति कीन्ही बहुत बड़ाई
[03:14.76] तुम मम प्रिय भरतहि सम भाई
[03:20.07] सहस बदन तुम्हरो जस गावैं
[03:25.12] अस कहि श्रीपति कंठ लगावैं
[03:30.16] सनकादिक ब्रह्मादि मुनीसा
[03:35.74] नारद सारद सहित अहीसा
[03:46.37] जम कुबेर दिगपाल जहां ते
[03:51.95] कबि कोबिद कहि सके कहां ते
[03:56.99] तुम उपकार सुग्रीवहिं कीन्हा
[04:02.57] राम मिलाय राज पद दीन्हा
[04:07.62] तुम्हरो मंत्र बिभीषन माना
[04:12.67] लंकेस्वर भए सब जग जाना
[04:18.24] जुग सहस्र जोजन पर भानू
[04:23.29] लील्यो ताहि मधुर फल जानू
[04:34.18] प्रभु मुद्रिका मेलि मुख माहीं
[04:39.49] जलधि लांघि गये अचरज नाहीं
[04:44.54] दुर्गम काज जगत के जेते
[04:49.85] सुगम अनुग्रह तुम्हरे तेते
[04:55.16] राम दुआरे तुम रखवारे
[05:00.48] होत न आज्ञा बिनु पैसारे
[05:05.79] सब सुख लहै तुम्हारी सरना
[05:11.10] तुम रक्षक काहू को डर ना
[05:16.15] आपन तेज सम्हारो आपै
[05:27.04] तीनों लोक हांक तें कांपै
[05:32.62] भूत पिसाच निकट नहिं आवै
[05:37.66] महाबीर जब नाम सुनावै
[05:42.98] नासै रोग हरै सब पीरा
[05:48.02] जपत निरंतर हनुमत बीरा
[05:53.34] संकट तें हनुमान छुड़ावै
[05:59.18] मन क्रम बचन ध्यान जो लावै
[06:09.09] सब पर राम तपस्वी राजा
[06:14.67] तिन के काज सकल तुम साजा
[06:20.43] और मनोरथ जो कोई लावै
[06:26.27] सोइ अमित जीवन फल पावै
[06:31.06] चारों जुग परताप तुम्हारा
[06:36.37] है परसिद्ध जगत उजियारा
[06:41.68] साधु संत के तुम रखवारे
[06:46.20] असुर निकंदन राम दुलारे
[06:51.51] अष्ट सिद्धि नौ निधि के दाता
[07:02.40] अस बर दीन जानकी माता
[07:07.18] राम रसायन तुम्हरे पासा
[07:12.76] सदा रहो रघुपति के दासा
[07:18.34] तुम्हरे भजन राम को पावै
[07:23.38] जनम-जनम के दुख बिसरावै
[07:28.69] अन्तकाल रघुबर पुर जाई
[07:34.01] जहां जन्म हरि भक्त कहाई
[07:39.05] और देवता चित्त न धरई
[07:49.94] हनुमत सेइ सर्ब सुख करई
[07:54.73] संकट कटै मिटै सब पीरा
[08:00.30] जो सुमिरै हनुमत बलबीरा
[08:05.35] जै जै जै हनुमान गोसाईं
[08:10.40] कृपा करहु गुरुदेव की नाईं
[08:15.71] जो सत बार पाठ कर कोई
[08:21.00] छूटहि बंदि महा सुख होई
[08:30.06] जो यह पढ़ै हनुमान चालीसा
[08:36.96] होय सिद्धि साखी गौरीसा
[08:42.01] तुलसीदास सदा हरि चेरा
[08:47.32] कीजै नाथ हृदय मंह डेरा
[08:52.37] कीजै नाथ हृदय मंह डेरा
[09:01.13] पवन तनय संकट हरन मंगल मूरति रूप
[09:14.41] राम लखन सीता सहित हृदय बसहु सुर भूप
