Arambh
[00:49.76] आरम्भ है प्रचण्ड, बोले मस्तकों के झुंड
[00:52.95] आज जंग की घड़ी की तुम गुहार दो
[01:12.65] आन बान शान या कि जान का हो दान
[01:15.04] आज इक धनुष के बाण पे उतार दो
[01:20.35] आरम्भ है प्रचण्ड...
[01:51.69] मन करे सो प्राण दे, जो मन करे सो प्राण ले
[01:58.60] वही तो एक सर्वशक्तिमान है
[02:10.29] कृष्ण की पुकार है, ये भागवत का सार है
[02:14.02] कि युद्ध ही तो वीर का प्रमाण है
[02:18.55] कौरवों की भीड़ हो या पांडवों का नीड़ हो
[02:21.73] जो लड़ सका है वो ही तो महान है
[02:23.85] जीत की हवस नहीं, किसी पे कोई वश नहीं
[02:29.17] क्या ज़िन्दगी है ठोकरों पे मार दो
[02:33.43] मौत अंत है नहीं, तो मौत से भी क्यों डरें
[02:36.88] ये जा के आसमान में दहाड़ दो
[02:40.86] आरम्भ है प्रचंड...
[03:15.45] वो दया का भाव, या कि शौर्य का चुनाव
[03:19.17] या कि हार का वो घाव तुम ये सोच लो
[03:30.85] या कि पूरे भाल पे जला रहे विजय का लाल
[03:33.77] लाल ये गुलाल तुम ये सोच लो
[03:38.82] रंग केसरी हो या मृदंग केसरी हो या कि
[03:41.47] केसरी हो ताल तुम ये सोच लो
[03:52.40] जिस कवि की कल्पना में, ज़िन्दगी हो प्रेम गीत
[03:55.86] उस कवि को आज तुम नकार दो
[03:59.86] भीगती मसों में आज, फूलती रगों में आज
[04:03.57] आग की लपट का तुम बघार दो
[04:07.57] आरम्भ है प्रचंड...
