Ratan Tata
[00:00.95] ऐसा क्या किया 22 साल के शांतनु नायडू ने ,
[00:03.16] जो श्री रतन टाटा ने इन्हें अपना best friend बना लिया।
[00:05.28] आइए जानते हैं|
[00:06.34] मगर उससे पहले...
[00:07.67] अपनी knowledge को रोज़ बढ़ाने और ऐसे ही रोचक फैक्ट्स जानते रहने के लिए,
[00:10.32] जल्दी से इस channel को subscribe करिए।
[00:12.18] अपनी जिंदगी में आपने भी कभी ऐसे दृश्य देखे होंगे जिन्हें भूलना मुश्किल होता है...
[00:16.46] ऐसा ही दृश्य एक बार शांतनु नायडू ने देखा।
[00:19.11] हुआ ये था की एक सड़क के बीच में उन्हें एक कुत्ते की बॉडी दिखी ,
[00:22.03] जिसे वो उठाने ही जा रहे थे की एक और कार उसके ऊपर से चली गई।
[00:26.01] इस घटना के बाद उन्होंने motopaws नाम का startup शुरू किया
[00:28.94] जिसमें उन्होंने street dogs के लिए ऐसे कॉलर्स को डिजाइन किया जो अंधेरे में चमक सकते थे ताकी लोगों को कुत्ते दिख जाए और accidents कम हो सके।
[00:35.84] पर इस initiative को आगे बढ़ाने के लिए funds की जरूरत थी जिसके लिए उनके पिता ने रतन टाटा जी को letter लिखा।
[00:41.95] टाटा को ये idea इतना पसंद आया की न सिर्फ उन्होंने funds दिए पर शांतनु को अपने घर मिलने बुलाया।
[00:47.00] और तब से आज तक शांतनु नायडू श्री रतन टाटा के assistant होने के साथ उनके सबसे अच्छे दोस्त भी बन गए...
[00:52.58] इतने अच्छे की सिर्फ शांतनु की graduation ceremony में जाने के लिए टाटा भारत से अमेरिका तक गए।
